🎵तुम अगर द्वार भोले के🎵
🙏 गायक: संजय चौहान
🎼 संगीत: ब्रजकरण
विवरण:
तुम अगर द्वार भोले के, संजय चौहान द्वारा गाया गया यह भजन भगवान शिव की भक्ति और कृपा का अद्भुत चित्रण है। इस भजन में भक्त अपने दिल से भगवान शिव से प्रार्थना करते हैं, यह विश्वास व्यक्त करते हुए कि भगवान शिव के दर पर आने से किसी भी संकट का समाधान हो जाता है। 'काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे' जैसी पंक्तियाँ भक्ति की गहरी भावना और भगवान शिव की महिमा को उजागर करती हैं।
गीत के बोल:
तुम अगर द्वार भोले के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे,
बाबा शिव को पुकारा जो मन से कभी,
जो खजाने है खाली वो भर जाएंगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे….
बाबा भोले की भक्ति है सबसे सरल,
जो किसी देव देवी में पाई नहीं,
कौन ऐसा अभागा है संसार है,
जिसने शिवजी की महिमा को गाई नहीं,
सोचने में समय तेरा जाता रहा,
तो सुहाने ये पल भी गुजर जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे……
सोना चांदी तो बाबा नहीं मांगते,
भाव से गंगा जल ही चढ़ा दीजिये,
फुल फल भी चढाने से मजबूर हो,
हाथ चरणों के आगे बढ़ा दीजिये,
बाबा ऐसे दयालु है भक्तो सुनो,
जो भी संकट तुम्हारे है टल जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे……
जिनके होंठों पे शिव शिव का उच्चार है,
उनके जीवन में देखा चमत्कार है,
उनके चरणों में जा अब तू देरी ना कर,
वो ही दातार सच्चा मददगार है,
सबकी बिगड़ी बनाते है भोले सदा,
तेरी बिगड़ी को क्या वो मुकर जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे…
तूने शाश्त्र पढ़े तूने वेद पढ़े,
शाश्त्र पढके भी तूने ये सोचा नहीं,
तूने शाश्त्र पढ़े तूने वेद पढ़े,
शाश्त्र पढके भी तूने ये सोचा नहीं,
भोला बाबा के दर पे तू आके तो देख,
तेरे सारे ही संकट तो मिट जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे….
भोलेनाथ के चरणों में चारों धाम है,
आजा आजा यही भक्ति का धाम है,
भोलेनाथ के चरणों में चारों धाम है,
आजा आजा यही भक्ति का धाम है,
डमरू वाले की पूजा की ही नहीं,
फिर तीर्थो में क्यों कर हम जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे…..
तू भटकता है दर दर परेशान क्यों,
तेरी मुश्किल का बाबा को अहसास है,
मुझको काशी निवासी पे विश्वास है,
वो रहता सदा भक्त के पास है,
शिव का सुमिरण जो भक्तगण करते सदा,
भक्त भोले के भव से भी तर जाएँगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे….
तुम अगर द्वार भोले के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे,
बाबा शिव को पुकारा जो मन से कभी,
जो खजाने है खाली वो भर जाएंगे,
तुम अगर द्वार भोलें के आते रहो,
काम जो भी हैं बिगड़े सुधर जाएंगे….
कृष्णा हिंदू धर्म में एक प्रमुख देवता है। उन्हें विष्णु के आठवें अवतार के रूप में और अपने आप में सर्वोच्च भगवान के रूप में भी पूजा जाता है।
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