M:- जगजननी जय जय माँ जगजननी जय जय
भयहारिणी भवतारिणी भयहारिणी भवतारिणी
भवभामिनि जय जय माँ जगजननी जय जय
कोरस :- जगजननी जय जय माँ जगजननी जय जय
भयहारिणी भवतारिणी भयहारिणी भवतारिणी
भवभामिनि जय जय माँ जगजननी जय जय
M:- तू ही सत्-चित्-सुखमय शुद्ध ब्रह्मरूपा
कोरस :- माँ शुद्ध ब्रह्मरूपा
M:- सत्य सनातन सुन्दर सत्य सनातन सुन्दर
पर-शिव सुर-भूपा
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- आदि अनादि अनामय अविचल अविनाशी
कोरस :- माँ अविचल अविनाशी
M:- अमल अनन्त अगोचर अमल अनन्त अगोचर
अज आनन्दराशी
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- अविकारी अघहारी अकल कलाधारी
कोरस :- माँ अकल कलाधारी
M:- कर्ता विधि भर्ता हरि कर्ता विधि भर्ता हरि
हर संहारकारी
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- तू विधिवधू रमा तू उमा महामाया
कोरस :- माँ तू उमा महामाया
M:- मूल प्रकृति विद्या तू मूल प्रकृति विद्या तू
तू जननी जाया
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- राम कृष्ण तू सीता ब्रजरानी राधा
कोरस :- माँ ब्रजरानी राधा
M:- तू वाँछाकल्पद्रुम तू वाँछाकल्पद्रुम
हारिणि सब बाघा
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- दश विद्या नव दुर्गा नाना शस्त्रकरा
कोरस :- नाना शस्त्रकरा
M:- अष्टमातृका योगिनि अष्टमातृका योगिनि
नव-नव रूप धरा
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- तू परधामनिवासिनि महाविलासिनि तू
कोरस :- माँ महाविलासिनि तू
M:- तू ही श्मशानविहारिणि तू ही श्मशानविहारिणि
ताण्डवलासिनि तू
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- सुर-मुनि मोहिनि सौम्या तू शोभाधारा
कोरस :- माँ तू शोभाधारा
M:- विवसन विकट सरुपा विवसन विकट सरुपा
प्रलयमयी धारा
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- तू ही स्नेहसुधामयी तू अति गरलमना
कोरस :- माँ तू अति गरलमना
M:- रत्नविभूषित तू ही रत्नविभूषित तू ही
तू ही अस्थि तना
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- मूलाधार निवासिनि इह-पर सिद्धिप्रदे
कोरस :- माँ इह-पर सिद्धिप्रदे
M:- कालातीता काली कालातीता काली
कमला तू वरदे
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- शक्ति शक्तिधर तू ही नित्य अभेदमयी
कोरस :- माँ नित्य अभेदमयी
M:- भेद प्रदर्शिनि वाणी भेद प्रदर्शिनि वाणी
विमले वेदत्रयी
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- हम अति दीन दु:खी माँ विपत जाल घेरे
कोरस :- माँ विपत जाल घेरे
M:- हैं कपूत अति कपटी हैं कपूत अति कपटी
पर बालक तेरे
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- निज स्वभाववश जननी दयादृष्टि कीजै
कोरस :- माँ दयादृष्टि कीजै
M:- करुणा कर करुणामयी करुणा कर करुणामयी
चरण शरण दीजै
कोरस :- माँ जगजननी जय जय
M:- जगजननी जय जय माँ जगजननी जय जय
भयहारिणी भवतारिणी भयहारिणी भवतारिणी
भवभामिनि जय जय माँ जगजननी जय जय
कोरस :- जगजननी जय जय माँ जगजननी जय जय
भयहारिणी भवतारिणी भयहारिणी भवतारिणी
भवभामिनि जय जय माँ जगजननी जय जय
कृष्णा हिंदू धर्म में एक प्रमुख देवता है। उन्हें विष्णु के आठवें अवतार के रूप में और अपने आप में सर्वोच्च भगवान के रूप में भी पूजा जाता है।
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