loader
blog_img
  • April, 02, 2022
  • by Admin

शरण तेरी आऊँ माँ

शरण तेरी आऊँ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

तर्ज – मुकुट सिरमौर का।

ऊँचे भवन पर बैठी,
अम्बे के भवानी माँ,
जिनके दरश की है ये,
दुनिया दीवानी माँ,
दरश तेरे पाऊँ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

भीड़ लगी रहती है,
माँ तुम्हारे द्वारे,
आते जाते गूंजते हैं,
तेरे माँ जयकारे,
जयकारा लगाऊं माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

लाल पट्टी बांधे सर पे,
आ रही है टोलियां,
ला रहे मुरादों वाली,
भर भर के झोलियाँ,
ये अर्जी सुनाऊँ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

‘बेनाम’ जग ये रूठे,
माँ कभी ना रूठे,
आदि शक्ति जग जननी का,
दर कभी ना छूटे,
यही रम जाऊँ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

शरण तेरी आऊँ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ,
भजन तेरे गाउँ माँ,
मगन हो जाऊँ माँ,
शरण तेरी आऊ माँ,
हाँ बलि बलि जाऊँ माँ।।

side_img

दासी हु तेरी श्यामा

कृष्णा हिंदू धर्म में एक प्रमुख देवता है। उन्हें विष्णु के आठवें अवतार के रूप में और अपने आप में सर्वोच्च भगवान के रूप में भी पूजा जाता है।

Read More

Get update sign up now !