loader
blog_img
  • April, 02, 2022
  • by Admin

वर दे माँ शारदे

जो बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले,
माँ तू जिसकी ओर निहारे,
माँ तू जिसकी ओर निहारे,
उसे गुणियों में अस्थान मिले,
जों बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले।।

वर दे वीणा वादिनी वर दे,
स्वर शब्दों से अंतस भर दे,
तेरी वीणा जब झंकारे,
साधक को नव प्राण मिले,
साधक को नव प्राण मिले,
जों बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले।।

शब्द कहाए ब्रम्ह सहोदर,
कुछ भी नही संगीत से बढ़कर,
स्वर साधक जब स्वर से पुकारे,
उसे सहज स्वयं भगवान मिले,
उसे सहज स्वयं भगवान मिले,
जों बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले।।

कंठ समर्पित गान समर्पित,
ह्रदय समर्पित प्राण समर्पित,
अर्पित श्रद्धा भाव हमारे,
हमें सांचे स्वर का ज्ञान मिले,
हमें सांचे स्वर का ज्ञान मिले,
जों बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले।।

जो बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले,
माँ तू जिसकी ओर निहारे,
माँ तू जिसकी ओर निहारे,
उसे गुणियों में अस्थान मिले,
जों बैठे चरणों में तिहारे,
उसे वाणी का वरदान मिले।।

side_img

दासी हु तेरी श्यामा

कृष्णा हिंदू धर्म में एक प्रमुख देवता है। उन्हें विष्णु के आठवें अवतार के रूप में और अपने आप में सर्वोच्च भगवान के रूप में भी पूजा जाता है।

Read More

Get update sign up now !